Thursday, October 21, 2010

स्मार्ट बनाएं अपना ई-मेल

याहू, जीमेल, हॉटमेल और रेडिफमेल, हम में से ज्यादातर लोग इनमें से किसी न किसी का इस्तेमाल जरूर करते हैं। कमाल की सुविधा है यह, जो दुनिया में किसी भी स्थान से अपनी मेल देखने की आजादी देती है, लेकिन ईमेल सेवाओं के भीतर ऐसे ढेरों फीचर्स मौजूद हैं जिनका प्रयोग आम इंटरनेट यूजर नहीं करता। कुछ उपाय इस्तेमाल कर आप अपने ईमेल अकाउंट को अधिक स्मार्ट और सुविधाजनक बना सकते हैं। शुरुआत याहू मेल (क्लासिक) से करते हैं जिसके भीतर कुछ बेहद उपयोगी सुविधाएं छुपी हैंफि ल्टर क्या ऐसा नहीं हो सकता कि किसी खास सोर्स से आई ईमेल इनबॉक्स की बजाए हर बार सीधे टारगेट फोल्डर में पहुंच जाएं? मेलबॉक्स के ऊपरी दाएं हिस्से में दिए आप्शन लिंक से होते हुए मेल आप्शन्स तक पहुंचें। बार्इं ओर फिल्टर्स लिंक दिखेगा। इसे क्लिक कर आप नई मेल के बारे में रूल्स बना सकते हैं। जैसे किस खास ईमेल एड्रेस या किसी विशेष सब्जेक्ट वाली मेल आपके बताए फोल्डर में पहुंच जाए। वहां ईमेल में किसी खास शब्द का जिक्र होने से लेकर किसी खास व्यक्ति को सीसी किए गए मेल जैसे कई अन्य फिल्टर मौजूद हैं। इसे आजमा कर देखें। 

फोल्डरआपके इनबॉक्स आई हजारों ईमेल को क्यों न अलग- अलग सोर्सेज या श्रेणियों की ईमेल को अलग-अलग फोल्डरों में आर्गनाइज किया जाए? मेलबॉक्स के बार्इं ओर माई फोल्डर नामक लिंक होता है। वहीं दिए एड लिंक पर क्लिक करें और फोल्डर का नाम बताएं, बस। अगली बार जब भी पढ़ाई से संबंधित मेल आए तो उसे एजुकेशन और नौकरी से जुड़े संदेशों को जॉब फोल्डर के हवाले करें। 

जोड़ें जीमेल सें
अगर आप अपने जीमेल या हॉटमेल संदेशों को याहू मेल में पढ़ना चाहते हैं (ताकि अलग-अलग मेल न खोलनी पड़ें) तो दाएं ओर दिए आॅप्शंस लिंक से होकर मेल आप्शन्स, फिर एकाउंट्स और अंत में रिसीविंग मेल तक पहुंचें। यहां संबंधित सर्वर (जीमेल, हॉटमेल आदि) का सही पॉप-3 पता लिखें और उस ईमेल पते का यूजरनेम और पासवर्ड डालें। 

प्रतिबंधित करें-
अगर आप किसी व्यक्ति के ईमेल संदेशों से परेशान हो चुके हैं और चाहते हैं कि आगे से उसका कोई ईमेल आप तक न पहुंचे तो उसे ब्लॉक कर सकते हैं। इसके लिए पहले आप्शन्स फिर मेल आप्शन्स और अंत में स्पैम लिंक तक पहुंचें। एड ए ब्लॉक्ड एड्रेस विकल्प पर वह ईमेल पता लिखकर एड बटन दबाएं। 

बैक-अप करें-
अगर आपको अपने जीमेल अकाउंट में आने वाली मेल के गलती से डिलीट होने की आशंका है, तो आप हर ईमेल की एक प्रति किसी अन्य ईमेल खाते में स्थानांतरित कर सकते हैं। इसके लिए जीमेल सेटिंग्स खोलें फिर फॉरवर्ड एंड पीओपी- आईएमएपी पर क्लिक करें। अब फारवर्डिंग सेक्शन में फॉरवर्ड ए कॉपी आफ इनकमिंग मेल के सामने अपना वैकल्पिक ईमेल खाता लिख दें। 

अलग लेबल
अगर जीमेल में आप किसी खास व्यक्ति का ईमेल देखना ही नहीं चाहते या किसी विशेष स्रोत से आए ईमेल को एक अलग लेबल देना चाहते हैं तो फिल्टर प्रयोग कीजिए। इस सुविधा के जरिए आप किसी किसी विशेष व्यक्ति की सभी ईमेल पर स्वत: स्टार निशान अंकित करने का निर्देश भी दे सकते हैं और उन्हें फॉरवर्ड भी कर सकते हैं। तरीका सीधा सा है। जीमेल पेज के ऊपर की ओर बने क्रियेट ए फिल्टर लिंक पर क्लिक करें। इसमें संबंधित ईमेल को अलग से पहचानने के लिए जरूरी सूचनाएं दीजिए और क्रियेट फिल्टर बटन दबाएं।

Wednesday, October 20, 2010

टाई से बदले पर्सनालिटी

फैशन की दुनिया में टाई का अपना एक अलग ही इंपॉर्टेंस है। यह न सिर्फ पर्सनालिटी को आकर्षक बनाती है, बल्कि अच्छा लुक भी देती है। खास तौर पर कॉर्पोरेट सेक्टर में तो टाई लगाना जरूरी हो गया है। कुछ स्कूल-कॉलेजेज़ में तो ये कंपलसरी होती है। वहीं शादी-विवाह से लेकर फॉर्मल पार्टियों के लिए भी यह आॅन डिमांड रहती है। पता करते हैं टाई की नई रेंज और ट्रेंड के बारे में, जो आजकल ज्यादा पसंद की जा रही हैं।
क्रेवेट टाई
फैशन की दुनिया की यह पहली टाई है, जो आज भी पॉपुलर है। इसकी कई वैराइटीज और कलर्स हैं। क्रेवेट टाई को हर मौके पर पहन सकते हैं। मसलन, बर्थडे पार्टी, आॅफिस और नॉर्मली किसी भी समय। इसे पहनने से लुक तो अच्छा मिलता ही है, साथ ही यह कंफर्टेबल भी रहती है। क्रेवेट टाई 1850 के दशक में ब्रिटेन में काफी फेमस हुआ करती थी। इसकी वैराइटी में फोर इन हैंड टाई भी शामिल है। इसका आखिरी सिरा स्क्वेयर में होता है। यह सामान्य तौर पर सिल्क और पॉलिएस्टर से बना होती है। क्रेवेट में सिक्स एंड सेवन फोल्ड टाई भी आती है। यह सिल्क की बनी होती है और इसे सात भागों में फोल्ड किया जाता है।

क्लिप आन टाई
यह टाई खासकर टीनएजर्स के लिए है। इसके निचले हिस्से में स्क्वेयर कट होता है, जो दिखने में काफी आकर्षक होता है। यह फुल, मिड और शॉर्ट तीनों लेंथ्स में मिलती है। फैशन गुरुओं के मुताबिक इसे क्लब, पार्टीज और कैजुअल वेयर के रूप में पहना जा सकता है। सबसे खास बात यह कि क्लिप आॅन टाई काफी पतली होती है। अपने स्लीक लुक के कारण यह सबसे ज्यादा पसंद की जाती है। इस टाई के बीच में एक मेटल भी लगा होता है। क्लिप टाई को सर्विस क्लर्क, लॉ इनफोर्समेंट और एयरलाइन पायलट पहन सकते हैं। इसके साथ टाई पिन बहुत अच्छी लगती है।
बो टाई
वैसे तो इसे थीम टाई भी कहते हैं, लेकिन आजकल बिना थीम के भी इसे पहना जा सकता है। बो टाई को ईवनिंगपार्टी, कॉर्पोरेट सेक्टर और एनिवर्सरी पार्टी में भी पहनने का चलन है। यह दो तरह की होती है। ब्रॉड बो और शॉर्ट बो। शॉर्ट बो में नेक पतला होता है, जबकि ब्राड में थोड़ा बड़ा। इसके प्रिटेंड कलर्स काफी पसंद किए जा रहे हैं। फैशन गुरु कहते हैं कि आने वाला समय बो टाई का ही होगा।
नॉट्स टाई
यह तड़क-भड़क वाली टाई नहीं होती। सामान्य लोग ही इसे पसंद करते हैं। बहुत ही कॉमन टाई है। इसके अलावा स्कार्ट टाई, फॉर्मल वियर और यूनिफॉर्म टाई भी मार्केट में उपलब्ध है।
ऐसा हो कलर सिलेक्शन
रेड - लाल रंग के टाई को वैसे तो किसी भी शर्ट पर पहन सकते हैं, लेकिन डार्क और व्हाइट ब्ल्यू और ग्रे ड्रेस पर यह ज्यादा अच्छा फबता है। डार्क रेड- यह कलर बिजनेसमैन्स के लिए ज्यादा सूटेबल है। इसे किसी भी अवसर पर पहन सकते हैं। ब्ल्यू- यह टाई के लिए पॉपुलर कलर है। इसे लाइट और डार्क ड्रेस में पहना जा सकता है।

लौट आया गुजरा ज़माना

फैशन की गाड़ी का पहिया अनवरत चलायमान रहता है, इसी वजह से तो बीते हुए कल का फैशन आज लेटेस्ट ट्रेंड में शुमार हो गया है। कल जिस को देखकर लोग ओल्ड फैशन या फिर आउट आॅफ फैशन का तमगा दे देते थे, आज उसे ही बड़े चाव से पहन रहे हैं। हम बात कर रहे हैं हैंडलूम कपड़ों की। चाहे जींस हो या फिर पारंपरिक परिधान सलवार कुर्ता सभी में एक ही बात कॉमन है और वो है हैंडलूम वाले फैब्रिक। प्रिंट से लेकर फैब्रिक सभी में हाथों का काम ही चाहिए, आज की जनरेशन को। सत्तर और अस्सी के दशक में कॉटन छोड़ साटन की शरण में आने वाले फैशन परस्त लोग फिर से कॉटन की पनाह में दिखाई दे रहे हैं। मॉडर्न लुक को एथनिक टच देने के लिए जरी वर्क, गोल्डन या सिल्वर बार्डर का प्रयोग किया जा रहा है।

फैब्रिक इन फैशन
कुर्तियों में कॉटन, जॉर्जेट और शिफॉन के साथ जूट को भी पसंद करने वालों की संख्या कम नहीं है। कॉटन हो या फिर सिल्क दोनों ही रॉयल लुक देने के साथ कंफर्टेबल भी होते हैं। जो लोग कॉटन और सिल्क के मिक्स फैब्रिक पहनना पसंद करते हैं, वो माहेश्वर, चंदेरी को तरजीह दे रही हैं। वहीं सूट में गढ़वाल कॉटन, चंदेरी और कोसा का खुमार युवतियों पर छाया हुआ है। पुराने डिजाइन जैसे अनारकली पैटर्न और चोली कट कुर्तियों की बहार फिर लौट आई है।
प्रिंट भी बेमिसाल
इस समय पारंपरिक प्रिंट जैसे दाबू, बाग, बटिक, बंधेज और कोटा प्रिंट आदि का चलन है। दाबू और बाग दोनों ही ब्लॉक प्रिंट कहे जाते हैं। लकड़ी के ब्लॉक द्वारा प्लेन कपड़े पर डिजाइन बनाई जाती है। राजस्थान और गुजरात के पारंपरिक प्रिंट कहे जाने वाले बंधेज का भी क्रेज युवतियों पर हावी है। तभी तो बंधेज का दुप्पटा प्लेन सूट के साथ या फिर जींस के साथ बंधेज कुर्ती पहनना युवतियां पसंद कर रही हैं। इसके अलावा राजस्थान का कोटा प्रिंट भी युवतियों के मन को खूब मोह रहा है। हल्के रंग पर चटख रंग के फूल और पत्तियों की खूबसूरत डिजाइन तो पहली नजर में ही दिल में घर करती जा रही है। इसके अलावा कुर्तियों की बात करें या फिर सलवार कुर्ते की, तो सब पर जरी की कढ़ाई और गोल्डन के हल्के बॉर्डर आदि लगाकर पारंपरिक लुक देने का प्रयास किया जा रहा है। मॉडर्न के साथ एथनिक लुक न्यू जनरेशन को बहुत भा रहा है।
कौन से कलर हॉट डिमांड में
खिली-खिली धूप में जहां हल्के रंगों के परिधान पसंद किए जा रहे हैं, वहीं थोड़ी फुहारों में चटख रंगों को ज्यादा तरजीह दी जाती है। फिलहाल कत्थई, गहरा हरा रंग ज्यादा चलन में है।

बैलीज का डिफरेंट फैशन

यूं तो फैशन में हर नई चीज लोगों के लिए खास होती है, लेकिन यदि कोई पुरानी चीज नए स्वरूप में वापस आ जाए तो कहना ही क्या। कुछ इसी तरह युवतियों के पैरों को सजाने के लिए बैलीज़ का चलन फिर से चल पड़ा है। युवतियां इन बैलीज़ को किसी भी परिधान के साथ मैच करके पूरे शौक से पहन सकती हैं। बस जरूरत है तो अपने लिए आरामदायक और स्टाइलिश बैलीज को बाजार से खरीदने की।
बैलीज़ में स्टाइल पहले बैलीज़ एक ही डिजाइन में आती थीं, बस उनकी हील्स में अंतर होता था, पर अब विभिन्न प्रकार की बैलीज़ मार्केट में आ चुकी हैं। इनमें विथ जिप, बो डिजाइन, फ्रंट ओपन आदि बहुत पॉपुलर हैं।
पैरों को मिलता है नया लुक बाजार में इन दिनों विभिन्न स्टाइल और रंगों में डिजाइनर बैलीज उपलब्ध हैं, जिन्हें कॉलेज गोइंग युवतियां खासा पसंद कर रही हैं। दरअसल बैलीज पार्टी में पहनने के साथ रोज कॉलेज में पहनने में भी आरामदायक होती हैं। खासतौर से युवतियों को काले रंग की बैलीज पसंद आती हैं। ये बैलीज हर किसी मौके पर चलती हैं। किसी भी रंग की ड्रेस हो, काले रंग की बैलीज हर ड्रेस पर फबती हैं। बैलीज़ की एक खासियत और भी है। वो ये कि यह आपको गर्ली लुक देती हैं और इस लुक का चलन इन दिनों बहुत ज्यादा है।
कहीं भी, कभी भी बैलीज़ को किसी भी अ‍ॅकेजन में और कभी भी पहना जा सकता है। वहीं यह जींस, कैप्री, स्कर्ट, मिडी के साथ-साथ सलवार-सूट और साड़ी के साथ भी बहुत उम्दा लगती हैं, इसलिए भी इनकी डिमांड ज्यादा है।

सुंदर लगेंगे हाथ

इस सीजन जो नया ट्रेंड है वह है नेल क्रिएटिविटी का। नेल आर्ट का कॉन्सेप्ट कुछ साल पहले आया था, जो आज भी चलन में है। लेकिन नेल आर्ट पर्मानेंट होता है। वहीं बाजार में नेल आर्ट की हुई आर्टिफिशियल नेल्स भी मौजूद हैं, जिन्हें नेल्स पर स्टिक किया जा सकता है, लेकिन इनमें भी बहुत वैराइटी मिल पाना बहुत मुश्किल हो जाता है। इसलिए नेल क्रिएटिविटी इस बार खासी पसंद की जाएगी।

बनाना है आसान
नेल क्रिएटिविटी उन लोगों के लिए बहुत ही आसान है, जो कला से जुड़े हुए हैं या कलात्मक चीजें बनाते हैं। इसे बनाने के लिए सिर्फ अच्छी नेल पॉलिश के कुछ वाइब्रेंट और डार्क व लाइट कलर्स का कलेक्शन अपने पास तैयार रखें। साथ ही नेल आर्ट बनाने के लिए बाजार में मिलने वाला निब नेल पेंट भी ले आएं।
ड्रेस के अनरूप डिजाइन
नेल क्रिएटिविटी का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें आप अपनी ड्रेस के अनुरूप डिजाइन बना सकते हैं। मसलन अगर आपने μलोरल प्रिंट की ड्रेस या लहंगा पहना है, तो डार्क कलर का नेल पेंट एक कोट लगाएं। उसके सूख जाने पर व्हाइट या अन्य मैचिंग, किंतु लाइट शेड से फूल बना लें।
मिरर और मोती वर्क भी
अब ड्रेस के अकॉर्डिंग डिजाइन ही नहीं, बल्कि अन्य वर्क भी किए जा सकते हैं। अगर आपकी ड्रेस में मोती या मिरर वर्क है, तो बाजार से छोटे-छोटे मोती और मिरर्स ले आएं। नेल पेंट की कोटिंग लगाते ही मोती या मिरर को डिजाइन के अनुरूप चिपका दें। इससे नेल पेंट के सूखते ही मोती या मिरर भी सेट हो जाएगा।
दें लहरिया डिजाइन
दो से तीन हल्के लेकिन कंट्रास्ट शेड्स के नेल पेंट खोलकर रख लें। यह शेड्स लहरिया ड्रेस से मेल खाते हुए होने चाहिए। अब बारी-बारी से एक-एक शेड को लहरदार स्टाइल में एक के ऊपर एक लगाएं। सूखने पर मिक्स शेड और लहरिया लुक का इफेक्ट नजर आएगा।

परिधान: आपकी पहचान

आप जिस तरह के कपड़े पहनती हैं, वह केवल आपकी पसंद को ही नहीं, बल्कि आपके व्यक्तित्व को भी परिभाषित करते हैं। आपके द्वारा पसंद किया गया कपड़े का रंग, डिजाइन, यहां तक कि कट्स भी यह बताते हैं कि आप वाकई में कैसे हैं? यह आपके स्वभाव, रुचि, आदत और अभिव्यक्ति का भी आईना है। आमतौर पर इसे हम पांच कैटेगरीज में बांट सकते हैं। इसे ऐसा भी कहा जा सकता है कि युवतियों में आमतौर पर पांच तरह की ड्रेस सेंस पाई जाती है। अगर आप आफिस अपनी संपूर्ण और सुरुचिपूर्ण ड्रेस पहनकर जाती हैं तो इसका मतलब यह है कि आप आत्मविश्वास से लबालब हैं। आपका ऐसा ड्रेस सेंस यह भी बताता है कि आपके लिए ड्रेस बहुत महत्वपूर्ण नहीं है, मगर ड्रेसअप होने का सलीका मायने रखता है।

अटेंशन सीकर्स
दूसरी तरह की वे युवतियां होती हैं, जो आफिस के लिए निकलने के पहले ही दिलो दिमाग में यह ख्वाहिश लेकर निकलती हैं कि दμतर में हर कुलीग की नजरें मुझ पर हों। ड्रेसअप के लिहाज से इनको बोल्ड ड्रेसर कहा जा सकता है। आमतौर पर यह बालाएं शॉर्ट फॉर्मल स्कर्ट, ब्राइट शर्ट या फिटेड पेंट के साथ पहनकर दμतर जाती हैं। इनके टॉप अक्सर कट स्लीव वाले होते हैं। पार्टियों में ऐसी युवतियां सुनहरे रंग की शॉर्ट ड्रेस पर जोर देती हैं। जब कैजुअल ड्रेस में घर से बाहर जाना हो, तो केप्री पहनना पसंद करती हैं।

मिस ट्रेंडी
ऐसी युवतियां आमतौर पर आॅफिस में घुटनों तक का बैलून स्कर्ट साथ में बिलकुल सादे और औपचारिक रंग का ब्लाउज पहनना पसंद करती हैं या फिर वह कुछ भी जो इन्हें इनकी तरह का बनाए। पार्टियों में ऐसी युवतियां अक्सर नेट साड़ी या छोटी शर्ट पहनकर जाना पसंद करती हैं और कैजुअल आउटिंग के समय फेड जींस और ऊपर की पट्टियों वाला टॉप पहनना पसंद करती हैं।

सारे नियम तोड़ दो
यह बालाएं अक्सर दμतर में सूती साड़ी पहनकर जाना पसंद करती हैं या फिर एक लंबी सिल्क की कुर्ती, रनिंग शूज के साथ। इन्फॉर्मल स्कर्ट के साथ फॉर्मल शर्ट पहनना इनका खास शगल होता है। पार्टियों में ये अक्सर घुटनों तक लंबी ड्रेस को जींस के साथ अक्सर पहन लेती हैं। ये सोचती हैं कि इन्हें नियम-कायदे मानने की क्या जरूरत है?

झोला क्लब
अपनी ड्रेस के चलते एक खास पहचान बनाने वाली युवतियों का एक और प्रकार होता है, जिन्हें हम झोला क्लब में रख सकते हैं। यह अपने आप को समाजसेवी की श्रेणी में रखती हैं और अमूमन खादी या सूती पहने दिख जाती हैं। हमेशा समाज को सुधारने की बातें करती रहती हैं। ये अपनी ड्रेस को लेकर अक्सर दोहराव का शिकार रहती हैं। सादगी के रूप में भी यह एक तरह से ट्रेंड को अपनाती हैं।

द क्लासी टेस्ट
संपूर्ण और सुरुचिपूर्ण ड्रेस पहनने वाली युवतियों को क्लासिक ड्रेसअप वाले खांचे में रख सकते हैं। ऐसी युवतियां आमतौर पर आॅफिस में औपचारिक कपड़े पहनती हैं मसलन फॉर्मल स्कर्ट और ट्राउजर। मगर यह अच्छी तरह से आयरन किया हुआ होता है। जैकेट में कहीं दाग, धब्बे नहीं होते और रंग-बिरंगा कोई बेढंगा कॉम्बिनेशन भी इनके ड्रेसअप सेंस से मेल नहीं खाता। ऐसी युवतियां अपने बॉडी कॉम्प्लेक्शन को अच्छी तरह से जानती हैं, इसलिए जब यह कोई शानदार साड़ी पहनती हं,ै तो उस साड़ी के साथ उसके एक्सेसरीज का मिलान देखते ही बनता है। इन युवतियों की ड्रेस के साथ ज्वेलरी सेंस भी काबिल-ए- तारीफ होती है।

पावर आफ ड्रेसिंग

अंग्रेजी में एक कहावत है ‘ड्रेस बैडली एंड दे रिमेमबर द क्लोथ्स, ड्रेस वेल एंड दे रिमेमबर द परसन’ जिसका मतलब है कि अच्छे पहनावे से इंसान की पहचान बनती है। हम सभी अच्छे पहनावे के बारे में जानते हैं, पर क्या हमें पावर ड्रेसिंग का ज्ञान है? आखिर पावर ड्रेसिंग होता क्या है? आज के दौर में आपका बाहरी रूप आपके व्यक्तित्व का अहम हिस्सा होता है, लेकिन इस लुक को बनाए रखना आसान भी नहीं है।

जिस तरह के पहनावे से हमारी एक अधिकारिक छवि बनती है और जिस तरह के कपड़ों से पेशेवर छवि की वृद्धि होती है उसे पावर ड्रेसिंग कहते हैं। आज के इस प्रतिस्पर्धा से भरे दौर में पावर ड्रेसिंग का महत्व और भी बढ़ गया है। विशेषज्ञों के मुताबिक पावर ड्रेसिंग का कोई निश्चित फॉर्मूला नहीं है।

मिसाल के तौर पर एक डिजाइनर का काम करने वाले का पहनावा एक चित्रकार के पहनावे से अलग होगा। उसी तरह बैंकिंग या फाइनेंस के क्षेत्र में काम करने वाले व्यक्ति का पहनावा एडवरटाइजिंग के क्षेत्र में काम करने वाले से अलग हो सकता है। यहां पर ध्यान देने वाली बात यह है कि एक प्रोफेशन में अलग-अलग मौकों पर अलग-अलग पहनावे हो सकते हंै। कपड़ों के साथ-साथ व्यक्ति को अपने एक्सेसरीज का चयन भी ध्यान से करना चाहिए। इसके साथ-साथ हेयर स्टाइल, शेविंग एवं खासकर के लड़कियों के लिए मेकअप जरूरी सा हो गया है।